एक झटके में बच्चे बने करोड़ों के मालिक लेकिन फिर तकदीर ने ऐसा पलटा मारा..उफ्फ


सपना जो यूँ साकार हो गया 

करोड़पति बनने का सपना भला किसके दिल में आकार नहीं लेता । लेकिन उफ्फ ,यह वो सपना हैं जो लाख जतन के बावजूद भी अक्सर साकार नहीं हो पाता है |लेकिन बिहार के कटिहार में ऐसा कुछ हुआ कि दो मासूम बस एक झटके में करोड़पति बन गए |

       जी एकदम सौ टका सच खबर है साहब ! बस चंद लम्हे गुज़रे और बच्चों के खाते में हज़ार या लाख नहीं बल्कि करोडो ने दस्तक दे दी | लक्ष्मी ऐसी मेहरबान हुई कि बच्चे और उनके परिवार तो हैरान थे ही ,बैंक मैनेजमेंट का दिमाग भी चकरघिन्नी हो गया | बच्चों ने न तो कोई हेराफेरी की और न ही कोई कुछ ऐसा किया जो गलत हो ! बस किस्मत ने ऐसा गोता मारा कि  बिहार राज्य के दो नौनिहाल अचानक ही करोड़ों के मालिक बन  गए।  बस अचानक ही उन्होंने अपना बैंक अकॉउंट देखा तो खाते में 960 करोड़ रूपए की धन राशि चमक उठी | 

   यह मामला बिहार राज्य के कटिहार जिले का है।  यहां के दो बैंक खातों में 900 करोड़ रुपये से भी ज्यादा की राशि आ गई। बैंक अधिकारी भी हैरान हैं कि इतनी राशि कहां से आई और यह कैसे सम्भव हुआ ।
     मामले की खबर फैली तो कटिहार की बैंक में भीड़ गई। आशा पाले अन्य लोगों ने भी अपने-अपने बैंक खातों  को चेक करना शुरू कर दिया। हर ग्राहक सेवा केंद्र (CSP) पर लंबी-लंबी कतार लगी रही ।
 
एक बच्चे के खाते में 60 तो दूसरे के खाते में आये 900 करोड़ रूपए 
जानकारी के अनुसार बिहार में स्कूली छात्र-छात्राओं को पोशाक के लिए रुपये दिए जाते हैं। यह राशि सीधे बैंक खाते में ही जमा की जाती है। दो बच्चे गुरुचंद्र विश्वास और असित कुमार पोशाक की राशि चेक कराने के लिए सीएसपी सेंटर (ग्राहक सेवा केंद्र) पहुंचे। वे जानना चाह रहे थे कि पोशाक की राशि का क्या हुआ ? दोनों बच्चे आजमनगर थाना के बघौरा पंचायत स्थित पस्तिया गांव के रहने वाले बताए जा रहे हैं। यहां दोनों को पता चला कि खातों में तो करोड़ों रुपए जमा हैं। यह सुनकर बच्चे सहित वहां खड़े अन्य लोग भी चौंक गए। छात्र गुरुचन्द्र विश्वास के खाता नंबर  - 1008151030208081 में 60 करोड़ रुपये से अधिक की राशि जमा है। जबकि असित कुमार के खाता- 1008151030208001 में 900 करोड़ से ज्यादा की राशि जमा है। दोनों खाता उत्तर बिहार ग्रामीण बैंक भेलागंज शाखा का है।

खुशियां बस देखने की ही रह गई 
दोनों बच्चों के खातों में करोड़ों रूपए आने से बवाल मच गया।  इस संबंध में शाखा प्रबंधक मनोज गुप्ता ने कहा कि दोनों बच्चों के खाते से भुगतान पर रोक लगा दी गई है। मामले की जांच की जा रही है। इसकी जानकारी वरीय पदाधिकारियों दे दी गई है। एलडीएम एमके मधुकर ने बताया कि बैंक से मामला आने के बाद इसकी जांच की जायेगी। हालांकि बैंक अधिकारी सहित सभी लोग हैरान हैं। साथ ही बच्चे और उसके अभिभावकों को यह पता नहीं है कि यह राशि कहां से आयी है। इस संबंध में जिलाधिकारी उदयन मिश्रा ने बताया कि इस संबंध में बैंक अधिकारियों से बाचचीत की है। प्रारंंभिक जांच से जानकारी मिली है तकनीकी गड़बड़ी के कारण मिनी स्टेटमेंट में इतनी बड़ी राशि दिखाई दे रहा था। छात्रों के खाते में कुछ भी राशि क्रेडिट नहीं हुई है।