मौत का दंगल । सिर्फ एक दांव और छूटा जिंदगी का साथ


कुश्तियां बहुत देखी होंगी ।
पहलवानों की जीत पर ताली भी पीटी होंगी लेकिन उफ्फ़ यह तो था मौत का दंगल !

वो खेल जिसने ले ली एक पहलवान की जान ।
सिर्फ चंद मिनिट और साँसों  ने कह दिया अलविदा ।
धड़कनों को बढ़ा देने वाला वीडियो मुरादाबाद क्षेत्र का है ।
फरीदनगर में नौमी के मेले के चलते दंगल का आयोजन किया गया । जीत का अरमान पाले पहलवानों का जमावड़ा लगा । उत्तराखंड का महेश पहलवान भी इस दंगल में अपनी शक्ति आजमाने पहुंचा ।
दंगल के वक्त विरोधी पहलवान ने जो दांव लगाया उसके चलते महेश की गर्दन टूट गई । मौजूद लोगों ने प्रयास तो किया लेकिन जान बचाना उफ्फ़...मुमकिन न हो सका ।
विडंबना दंगल का आयोजन तो कर लिया गया लेकिन एम्बुलेंस,डॉक्टर्स टीम जैसी आवश्यक व्यवस्थाओं का ध्यान नही रखा गया ।
फिलहाल..पुलिस ने भी अपने आपको इस घटनाक्रम से दूर करके रखा है ।
परंपरागत खेलों को बढ़ावा ...बढ़िया है लेकिन ज़रूरी व्यवस्थाओं के साथ आयोजन होता तो शायद महेश को इस तरह से उफ्फ़...जाना न पड़ता ।